किफायती सात-सीटर रेनो ट्राइबर अब टर्बो पेट्रोल इंजन के साथ आने वाली है, साथ में फैक्ट्री-फिटेड सीएनजी विकल्प भी। जानिए इंजन, गियरबॉक्स, संभावित कीमत और फीचर्स की पूरी जानकारी।
त्योहारी सीज़न नज़दीक आते ही भारतीय कार बाज़ार में हलचल तेज़ हो गई है, और कंपनियां एक के बाद एक नई पेशकश ला रही हैं। इनमें सिर्फ़ महंगी एसयूवी ही नहीं, बल्कि आम परिवारों के बजट में आने वाली किफायती गाड़ियां भी शामिल हैं, जिन्हें नए इंजन और फीचर्स के साथ अपडेट किया जा रहा है।
इसी कड़ी में एक जाना-पहचाना नाम एक बड़े बदलाव के साथ चर्चा में है। रिपोर्ट्स के अनुसार, किफायती सात-सीटर एमपीवी रेनो ट्राइबर अब एक नए टर्बो पेट्रोल इंजन के साथ आने की तैयारी में है। आइए इस अपडेट से जुड़ी अहम बातों पर एक नज़र डालते हैं, जो उपलब्ध जानकारी पर आधारित हैं।
ट्राइबर को मिलेगा टर्बो इंजन
अब तक ट्राइबर मुख्य रूप से अपने किफायती दाम और व्यावहारिक केबिन के लिए जानी जाती रही है। रिपोर्ट्स के अनुसार, कंपनी अब इसमें एक ज़्यादा दमदार टर्बो पेट्रोल इंजन जोड़ने जा रही है, जिससे यह किफायती एमपीवी अपने ग्राहकों को बेहतर परफ़ॉर्मेंस का अनुभव देने की कोशिश करेगी।
इंजन और पावर

इंजन की बात करें तो यहां जाना-पहचाना विकल्प इस्तेमाल किया जाएगा। बताया गया है कि यह 1.0-लीटर, तीन-सिलिंडर टर्बो पेट्रोल इंजन है, जो कंपनी की काइगर और डस्टर में भी दिया जाता है। रिपोर्ट्स के मुताबिक यह इंजन करीब 100 पीएस की पावर और 160 न्यूटन मीटर का टॉर्क देने में सक्षम बताया गया है।
गियरबॉक्स के विकल्प
परफ़ॉर्मेंस के साथ-साथ सुविधा का भी ध्यान रखा गया है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, नया टर्बो इंजन दो तरह के गियरबॉक्स के साथ पेश किया जा सकता है, यानी एक मैनुअल और दूसरा सीवीटी ऑटोमैटिक। इससे शहर की भीड़भाड़ में आसान ड्राइविंग चाहने वाले ग्राहकों को भी एक सुविधाजनक विकल्प मिल सकेगा।
फैक्ट्री-फिटेड सीएनजी विकल्प
किफायती चलने की चाह रखने वालों के लिए भी एक खास पेशकश तैयार है। रिपोर्ट्स के अनुसार, यही टर्बो इंजन एक फैक्ट्री-फिटेड सीएनजी किट के साथ भी दिया जाएगा। बताया गया है कि इसमें टर्बो के साथ दो-सिलिंडर वाला सीएनजी सेटअप फ़र्श के नीचे लगाया गया है, जिससे बूट स्पेस पर असर कम पड़ने की उम्मीद है।
लॉन्च कब होगी
अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि यह अपडेट कब आएगा। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, ट्राइबर को नया टर्बो पेट्रोल इंजन सितंबर के अंत तक मिल सकता है, और इसके साथ ही इसे कंपनी की नई आर्किटेक्चर पर भी पेश किया जाएगा। यह समय त्योहारी सीज़न के लिहाज़ से कंपनी के लिए काफ़ी अहम माना जा रहा है।
कीमत का अनुमान
कीमत को लेकर भी कुछ अनुमान सामने आए हैं। रिपोर्ट्स के अनुसार, टर्बो-मैनुअल वेरिएंट की कीमत मौजूदा सामान्य पेट्रोल मॉडल से करीब 80 हज़ार से 90 हज़ार रुपये अधिक हो सकती है। बताया गया है कि ट्राइबर की मौजूदा कीमत फ़िलहाल लगभग 5.81 लाख से 8.69 लाख रुपये एक्स-शोरूम के बीच है।
डिज़ाइन में बदलाव
जो लोग बड़े डिज़ाइन बदलाव की उम्मीद कर रहे हैं, उन्हें थोड़ा संयम रखना होगा। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, गाड़ी का बाहरी डिज़ाइन काफ़ी हद तक पहले जैसा ही रहेगा, और सबसे साफ़ फ़र्क़ पिछले हिस्से यानी टेलगेट पर लगे नए बैज के रूप में ही दिखाई देने की उम्मीद है। यानी ज़ोर मुख्य रूप से मैकेनिकल बदलाव पर है।
फीचर्स
फीचर्स के मोर्चे पर ट्राइबर आधुनिक सुविधाओं से लैस रहने की उम्मीद है। रिपोर्ट्स के अनुसार, इसमें 8-इंच का टचस्क्रीन इंफोटेनमेंट सिस्टम और 7-इंच का डिजिटल इंस्ट्रूमेंट कंसोल दिया जा सकता है। साथ ही इसमें वायरलेस एंड्रॉइड ऑटो और एप्पल कारप्ले जैसी कनेक्टिविटी सुविधाओं का भी समर्थन बताया गया है।
त्योहारी सीज़न का दांव
इस पूरे अपडेट को त्योहारी सीज़न की रणनीति के तौर पर देखा जा रहा है। इस दौरान भारत में गाड़ियों की मांग आमतौर पर बढ़ जाती है, और कंपनियां नए वेरिएंट तथा इंजन विकल्पों के ज़रिये ग्राहकों को आकर्षित करने की कोशिश करती हैं। किफायती एमपीवी सेगमेंट में यह कदम प्रतिस्पर्धा को और तेज़ कर सकता है।
खरीदार के लिए मायने
कुल मिलाकर, टर्बो इंजन और फैक्ट्री सीएनजी विकल्प के साथ ट्राइबर उन खरीदारों को एक दिलचस्प विकल्प दे सकती है, जो कम बजट में सात सीटों वाली व्यावहारिक गाड़ी चाहते हैं। हालांकि अंतिम फ़ैसला हमेशा अपनी ज़रूरत, बजट और चलाने के तरीके को ध्यान में रखकर ही करना समझदारी भरा रहेगा।
एमपीवी के बारे में अच्छा संदर्भ.
एमपीवी पर संतुलित नज़रिया.
एमपीवी का अच्छा विश्लेषण.
एकदम सही.